Ranchi: प्रदेश कांग्रेस कमिटी के महासचिव आलोक कुमार दूबे ने कहा कि देश के इतिहास में पहली बार राहुल गांधी के नेतृत्व में देश की छात्राओं ने इतनी बुलंद हुंकार भरी है। आज पूरा देश बेटियों के साहस, संघर्ष और उनकी आवाज को देख और सुन रहा है। पुणे में आयोजित ‘छात्राओं की गूंज’ कार्यक्रम ने देश की बेटियों के आत्मविश्वास और उनके अधिकारों की आवाज को नई ताकत दी है।
आलोक कुमार दूबे ने कहा कि यह सिर्फ एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि देश की छात्राओं और युवाओं के भीतर बढ़ रहे असंतोष, उम्मीद और बदलाव की आकांक्षा की अभिव्यक्ति है। राहुल गांधी लगातार छात्रों और युवाओं की आवाज को मजबूती से उठाते रहे हैं और आज उनके नेतृत्व में देश की बेटियों ने अपनी आवाज बुलंद कर यह संदेश दिया है कि अब उनकी आवाज को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को छात्रों और युवाओं की आवाज को दरकिनार करना अब महंगा पड़ेगा। देश की बेटियां और युवा सिर्फ भाषण और जुमलों से नहीं बहलेंगे। उन्हें रोजगार, बेहतर शिक्षा, पारदर्शी परीक्षाएं और अपने भविष्य की सुरक्षा चाहिए। सिर्फ बातों और जुमलेबाजी से अब देश नहीं चलेगा।
आलोक कुमार दूबे ने कहा कि छात्रों और युवाओं के मुद्दों को लगातार टालने की कोशिश की गई तो इसका जवाब देश का युवा लोकतांत्रिक तरीके से देगा। आज पुणे से छात्राओं की जो गूंज उठी है, वह आने वाले दिनों में देश के कोने-कोने तक पहुंचेगी।उन्होंने कहा कि बेटियां जब हुंकार भरती हैं तो इतिहास करवट लेता है। आज देश देख रहा है कि राहुल गांधी के नेतृत्व में छात्राएं अपने अधिकारों और भविष्य के लिए मजबूती से खड़ी हैं।यह आवाज किसी एक शहर या राज्य की आवाज नहीं, बल्कि देश की करोड़ों छात्राओं और युवाओं की आवाज है।
आलोक कुमार दूबे ने कहा कि कांग्रेस पार्टी छात्रों, युवाओं और बेटियों के अधिकारों की लड़ाई मजबूती से लड़ती रहेगी।आज पुणे से उठी यह गूंज सिर्फ सुनाई नहीं दे रही है, बल्कि सत्ता के गलियारों तक पहुंच रही है।
