Ranchi: डोरंडा के फिरदौस नगर में मोहर्रम के अवसर पर भव्य दस्तारबंदी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर सेंट्रल मोहर्रम कमेटी के पदाधिकारी, डोरंडा के नायब सदर, खलीफा एवं विभिन्न सामाजिक, धार्मिक और राजनीतिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। कार्यक्रम में विशेष रूप से झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव आलोक कुमार दूबे एवं विनय सिन्हा दीपू उपस्थित रहे। इस दौरान शांति, मैत्री, सद्भावना और भाईचारे का संदेश देने के उद्देश्य से कबूतर उड़ाए गए तथा समाज में सौहार्द और एकता बनाए रखने का आह्वान किया गया।

सभा को संबोधित करते हुए प्रदेश कांग्रेस महासचिव आलोक कुमार दूबे ने कहा कि दस्तारबंदी केवल एक सम्मान नहीं, बल्कि जिम्मेदारी का प्रतीक है। यह हमें समाज में एकता, भाईचारा और सद्भाव बनाए रखने की प्रेरणा देती है। उन्होंने कहा कि झारखंड और राजधानी रांची ने हमेशा गंगा-जमुनी तहजीब तथा आपसी सौहार्द की मिसाल पेश की है। इस वर्ष भी मोहर्रम का पर्व पूरे उत्साह, श्रद्धा और शांतिपूर्ण वातावरण में मनाया जाएगा। उन्होंने विश्वास जताया कि सभी समुदायों के लोग मिलकर एक-दूसरे के पर्व-त्योहारों में सहयोग करेंगे और भाईचारे की परंपरा को मजबूत करेंगे।
प्रदेश कांग्रेस महासचिव सिन्हा दीपू ने कहा कि कर्बला के शहीदों की याद में मनाया जाने वाला मोहर्रम हमें संघर्ष, त्याग, धैर्य और समर्पण का संदेश देता है। यह पर्व सत्य और इंसाफ के लिए किए गए बलिदान की याद दिलाता है तथा समाज को मानवता और भाईचारे के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है।
कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने मोहर्रम को शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में मनाने का संकल्प लिया तथा सामाजिक एकता को मजबूत बनाने का संदेश दिया।
इस मौके पर सेन्ट्रल मोहर्रम कमिटी डोरंडा के मौलाना मनीरूद्दीन, मुमताज गद्दी, यासीन अंसारी, मोहम्मद ताज, आमिर जावेद, फासले इलाही, पार्षद प्रतिनिधि रिजवान हुसैन, नायाब खलीफा हाफिजुर रहमान, कोषाध्यक्ष मोहम्मद जावेद, सोनू इमाम, अफजल अली,अनवर अंसारी, तौहीद खान, मोहम्मद शाहिद खान, समीर हिजाजी,मोहम्मद कलाम उपस्थित रहे।
