Ranchi: झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव आलोक कुमार दूबे ने परिमल नथवानी के राज्यसभा चुनाव को लेकर भाजपा पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि इस चुनाव को लेकर कई सवाल उठ रहे हैं और भाजपा अपने ही विधायकों की अंतरात्मा को दबाने की कोशिश कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी नेतृत्व अपने उम्मीदवार के समर्थन में विधायकों पर दबाव बनाने में जुटा हुआ है।
आलोक कुमार दूबे ने कहा कि भाजपा विधायक दल की बैठक में पार्टी के सात विधायक शामिल नहीं हुए, जिससे पार्टी के भीतर असंतोष की स्थिति साफ दिखाई देती है। उन्होंने कहा कि यह भाजपा की अंदरूनी स्थिति को उजागर करता है। कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि भाजपा नेतृत्व द्वारा विधायकों को रैडिसन ब्लू होटल में शिफ्ट किया जा रहा है। उन्होंने इसे लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ बताते हुए कहा कि यह एक तरह की राजनीतिक “हाइजैकिंग” प्रतीत होती है। उन्होंने दावा किया कि भाजपा
खरीद-फरोख्त की राजनीति के सभी हथकंडे अपनाने में लगी हुई है।
आलोक कुमार दूबे ने सवाल उठाते हुए कहा कि आखिर परिमल नथवानी को गुजरात से लाकर झारखंड पर क्यों थोपा जा रहा है। दूबे ने आरोप लगाया कि परिमल नथवानी के राज्यसभा चुनाव को लेकर भाजपा का पूरा शीर्ष नेतृत्व सक्रिय है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह समेत पार्टी के बड़े नेता इस चुनाव में सीधे तौर पर ट्रेडिंग में शामिल हैं और अपने उम्मीदवार के पक्ष में माहौल बनाने का प्रयास कर रहे हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि विगत दिनों भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन झारखंड आए थे और उनका उद्देश्य विधायकों के बीच राजनीतिक प्रबंधन करना था। दूबे ने दावा किया कि भाजपा लोकतांत्रिक प्रक्रिया के बजाय खरीद-फरोख्त और “ट्रेडिंग” की राजनीति में विश्वास करती है तथा राज्यसभा चुनाव में भी उसी रणनीति पर काम कर रही है।
उन्होंने कहा कि झारखंड में योग्य और सक्षम लोगों की कमी नहीं है, फिर भी बाहरी उम्मीदवार को प्राथमिकता देना राज्य की भावना के विपरीत है।उन्होंने कहा कि झारखंड की जनता सब देख रही है और लोकतंत्र तथा जनमत के खिलाफ होने वाली हर कार्रवाई का उचित जवाब देगी।
