Ranchi: झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के मुख्य प्रवक्ता लाल किशोर नाथ शाहदेव ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी की कार्यशैली हमेशा से अपने सहयोगियों को समाप्त करने की रही है और अब नीतीश कुमार इस साजिश के अगले शिकार बनने जा रहे हैं। बिहार विधानसभा चुनाव में नीतीश कुमार के नेतृत्व में एनडीए को जनादेश मिला, लेकिन चार महीने बाद ही विश्वासघात करने का काम किया गया।उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह समेत भाजपा के तमाम नेताओं ने नीतीश कुमार के नाम पर वोट मांगा था, बिहार की जनता ने नीतीश कुमार पर भरोसा जताते हुए एनडीए को स्पष्ट बहुमत देने का काम किया, लेकिन अब बिहार की जनता के साथ एक बड़ा छलावा किया गया है।
लाल किशोर नाथ शाहदेव ने कहा कि नीतीश कुमार को मुख्यमंत्री की कुर्सी से हटाकर राज्यसभा भेजने की जो स्क्रिप्ट दिल्ली में लिखी गई है, वह भाजपा की पुरानी इस्तेमाल करो और फेंको की नीति का हिस्सा है। भाजपा ने पहले नीतीश कुमार की पार्टी को कमजोर किया, उनके विधायकों में सेंधमारी की कोशिश की और अब उन्हें अपमानित कर बिहार की सक्रिय राजनीति से दूर करने की साजिश रची है।
उन्होंने कहा कि बिहार की जनता ने भाजपा के खिलाफ वोट दिया था, लेकिन सत्ता के लालच में जो बेमेल गठबंधन बना, उसका हश्र यही होना था। एक क्षेत्रीय कद्दावर नेता को उसकी इच्छा के विरुद्ध केंद्र में भेजने का फैसला सहयोगियों के साथ धोखा है ताकि बिहार की सत्ता पर भाजपा का पूर्ण कब्जा हो सके।
लाल किशोर नाथ शाहदेव ने कहा कि भाजपा ने हमेशा क्षेत्रीय दलों को निगलने का काम किया है। महाराष्ट्र से लेकर बिहार तक, इनका लक्ष्य सिर्फ सत्ता हथियाना है, चाहे उसके लिए लोकतंत्र की मर्यादा ही क्यों न लांघनी पड़े। उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार को अब समझ लेना चाहिए कि सांप्रदायिक ताकतों के साथ हाथ मिलाकर उन्होंने न केवल अपनी विश्वसनीयता खोई, बल्कि अपनी राजनीतिक जमीन भी भाजपा को सौंप दी। कांग्रेस हमेशा कहती रही है कि भाजपा अपने सहयोगियों की राजनैतिक हत्या करने में माहिर है।
