Ranchi : प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ नेता आलोक कुमार दूबे एवं डॉ. राजेश गुप्ता ने भाजपा पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि लोकतंत्र को कुचलने वाले और लोकतंत्र को पैरों तले रौंदने वाले लोग आज लोकतंत्र बचाने का नाटक कर रहे हैं। लोकतांत्रिक व्यवस्था एवं लोकतंत्र के सभी स्तंभों को कठपुतली बनाकर तानाशाही रवैया अपनाने वाली भाजपा आज देश की जनता की भावनाओं पर कुठाराघात कर रही है। राहुल गांधी ने जो कहा था कि प्रधानमंत्री को मैं पागल बना दूंगा, आज वह बात सही साबित होती दिखाई दे रही है।
आलोक कुमार दूबे ने कहा कि भाजपाइयों के दिमाग की बटलोही काम करना बंद कर चुकी है और उनकी राजनीतिक समझ पर जैसे ग्रहण लग गया है। उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि भाजपाइयों का चवन्नी दिमाग भी खिसक गया है। उनके घरवाले भी परेशान होकर कह रहे होंगे कि सुबह उठते ही राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, सोनिया गांधी, मल्लिकार्जुन खड़गे, राजीव गांधी, जवाहरलाल नेहरू, 75 साल और कांग्रेस पार्टी की बकबक शुरू हो जाती है। लगातार कांग्रेस और गांधी परिवार का नाम जपने का परिणाम है कि भाजपा नेताओं का मानसिक संतुलन बिगड़ता जा रहा है।
दूबे ने कहा कि जब कांग्रेस पार्टी आंदोलन करती है, तब भाजपा को व्यापारियों के नुकसान, देश की अर्थव्यवस्था, पर्व-त्योहारों में परेशानी, अराजकता और दुनिया में भारत की बदनामी दिखाई देने लगती है। लेकिन जब भाजपा स्वयं एक महीने तक आंदोलन करती है, तब न व्यापारियों को नुकसान होता है, न पर्व-त्योहारों में परेशानी होती है और न ही कोई अराजक स्थिति उत्पन्न होती है। भाजपा का यह दोहरा चरित्र जनता के सामने उजागर हो चुका है।
उन्होंने कहा कि आज पूरी भाजपा राहुल गांधी के नक्शे कदम पर चलने को मजबूर है। भाजपाइयों के चेहरे का रंग उड़ गया है, उनकी राजनीतिक सोच समाप्त हो गई है और यही वजह है कि प्रधानमंत्री से लेकर गृह मंत्री तक राहुल गांधी की राजनीतिक रणनीति का अनुसरण करने को मजबूर हैं।
डॉ. राजेश गुप्ता ने कहा कि भाजपा लोकतंत्र की रक्षा की बात करती है, लेकिन उसकी कार्यशैली लोकतांत्रिक मूल्यों और संवैधानिक संस्थाओं को कमजोर करने वाली रही है। लोकतंत्र के सभी स्तंभों को अपने प्रभाव में लेने की कोशिश और विपक्ष की आवाज को दबाने की प्रवृत्ति देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए गंभीर चिंता का विषय है।
उन्होंने कहा कि भाजपा जब विपक्ष में होती है, तब आंदोलन और विरोध को लोकतांत्रिक अधिकार बताती है, लेकिन कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों के आंदोलन पर व्यापारियों, आम जनता और देश की प्रतिष्ठा का हवाला देकर सवाल उठाती है। भाजपा को अपने इस दोहरे मापदंड का जवाब देश की जनता को देना चाहिए।
डॉ. गुप्ता ने कहा कि राहुल गांधी लगातार लोकतंत्र, संविधान और जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए आवाज उठा रहे हैं। भाजपा आज उन्हीं मुद्दों और राजनीतिक परिस्थितियों से जूझ रही है, जिन्हें राहुल गांधी ने पहले ही देश के सामने रखा था। लोकतंत्र में जनता सर्वोपरि है और किसी भी सरकार को जनता की आवाज तथा संवैधानिक मूल्यों की अनदेखी करने का अधिकार नहीं है।
